Hypocrisy Unlimited (असीमित पाखंड)

Produced with the permission form the author.
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दिल को बहलाने के लिए
कुछभी गुनगुनाने का ख़याल अच्छा है ।
ग़म को भुलाने के लिए
पीने-पिलाने का ख़याल बहुत अच्छा है ।।

भ्रष्टाचार के ख़िलाफ़ लड़ने के लिए
भूख हड़ताल पर बैठने का ख़याल अच्छा है ।
एक अच्छी नौकरी पाने के लिए
भ्रष्ट को लुभाने का ख़याल बहुत अच्छा है ।।

ग़रीबी मिटाने के लिए
ग़रीबों का उत्थान करने का ख़याल अच्छा है ।
चुनाव में जीतना के लिए
ग़रीबी का व्यापार करने का ख़याल बहुत अच्छा है ।।

स्त्रीयों के सोषण को मिटाने के लिए
स्त्री के अधिकारों को बढ़ाने का ख़याल अच्छा है ।
चीज़ों की बिकरी बढ़ाने के लिए
अर्धनग्न स्त्री का विज्ञापन का ख़याल बहुत अच्छा है ।।

देश में साक्षरता बढ़ाने के लिए
विध्यालयों की संख्या बढ़ाने का ख़याल अच्छा है ।
विध्यालय में दाखिले के लिए
अनिवार्य ‘डोनेशन’ देने का ख़याल बहुत अच्छा है ।।

देश का नवनिरमाण के लिए
पुराने विचारों को त्यागने का ख़याल अच्छा है ।
नये विचार के इस पीढ़ी का
राजनीति से दूर रहने का ख़याल बहुत अच्छा है ।।

Written© by: Srinivas Rao

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2 Responses to Hypocrisy Unlimited (असीमित पाखंड)

  1. Ravi says:

    … और संपूर्ण क्रांति करने के लिए बैठ कर,
    कीबोर्ड पर क्रांति कविता लिखने का खयाल अच्छा है….

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    • AAryan says:

      सही कहा आपने । अभी ये तो शुरुआत की है । देश में क्राति का मेरा ये पहला कदम कलम ( कीबोर्ड) से शुरुआत की है । जल्द ही आप हमे़ मैदान मे पाओगे ।
      शुभेच्छाएं आपको हमारी ।

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